BEGIN:VCALENDAR
VERSION:2.0
PRODID:-// - ECPv6.15.16//NONSGML v1.0//EN
CALSCALE:GREGORIAN
METHOD:PUBLISH
X-ORIGINAL-URL:https://books.buddharashmi.in
X-WR-CALDESC:Events for 
REFRESH-INTERVAL;VALUE=DURATION:PT1H
X-Robots-Tag:noindex
X-PUBLISHED-TTL:PT1H
BEGIN:VTIMEZONE
TZID:UTC
BEGIN:STANDARD
TZOFFSETFROM:+0000
TZOFFSETTO:+0000
TZNAME:UTC
DTSTART:20230101T000000
END:STANDARD
END:VTIMEZONE
BEGIN:VEVENT
DTSTART;VALUE=DATE:20241201
DTEND;VALUE=DATE:20241202
DTSTAMP:20260414T222415
CREATED:20240613T072942Z
LAST-MODIFIED:20240720T051107Z
UID:2366-1733011200-1733097599@books.buddharashmi.in
SUMMARY:अमावस्या (Uposath Day)
DESCRIPTION:भगवान बुद्ध के समय में उनके मार्ग पर चलने वाले अमावस्या के दिन अष्टांग उपोसथ शील धारण करते थे एवं अपने जीवन में अप्रमाण पुण्य जमा करते थे। यह उपोसथ शील अत्यंत उत्तम एवं निर्मल है। इसे पालन करने से मन में प्रसन्नता जागती है एवं शोक दूर होता है। अरहन्त मुनि लोगों का अनुसरण करते हुए यह उपोसथ शील पालन किया जाता है।
URL:https://books.buddharashmi.in/event/uposath-day-amavasya-7/
CATEGORIES:amavasya,Uposath Day
ATTACH;FMTTYPE=image/jpeg:https://books.buddharashmi.in/wp-content/uploads/2024/05/amavasya-e1715316810980.jpeg
END:VEVENT
BEGIN:VEVENT
DTSTART;VALUE=DATE:20241101
DTEND;VALUE=DATE:20241102
DTSTAMP:20260414T222415
CREATED:20240613T072757Z
LAST-MODIFIED:20240720T051116Z
UID:2358-1730419200-1730505599@books.buddharashmi.in
SUMMARY:अमावस्या (Uposath Day)
DESCRIPTION:भगवान बुद्ध के समय में उनके मार्ग पर चलने वाले अमावस्या के दिन अष्टांग उपोसथ शील धारण करते थे एवं अपने जीवन में अप्रमाण पुण्य जमा करते थे। यह उपोसथ शील अत्यंत उत्तम एवं निर्मल है। इसे पालन करने से मन में प्रसन्नता जागती है एवं शोक दूर होता है। अरहन्त मुनि लोगों का अनुसरण करते हुए यह उपोसथ शील पालन किया जाता है।
URL:https://books.buddharashmi.in/event/uposath-day-amavasya-6/
CATEGORIES:amavasya,Uposath Day
ATTACH;FMTTYPE=image/jpeg:https://books.buddharashmi.in/wp-content/uploads/2024/05/amavasya-e1715316810980.jpeg
END:VEVENT
BEGIN:VEVENT
DTSTART;VALUE=DATE:20241002
DTEND;VALUE=DATE:20241003
DTSTAMP:20260414T222415
CREATED:20240613T072416Z
LAST-MODIFIED:20240720T051125Z
UID:2350-1727827200-1727913599@books.buddharashmi.in
SUMMARY:अमावस्या (Uposath Day)
DESCRIPTION:भगवान बुद्ध के समय में उनके मार्ग पर चलने वाले अमावस्या के दिन अष्टांग उपोसथ शील धारण करते थे एवं अपने जीवन में अप्रमाण पुण्य जमा करते थे। यह उपोसथ शील अत्यंत उत्तम एवं निर्मल है। इसे पालन करने से मन में प्रसन्नता जागती है एवं शोक दूर होता है। अरहन्त मुनि लोगों का अनुसरण करते हुए यह उपोसथ शील पालन किया जाता है।
URL:https://books.buddharashmi.in/event/uposath-day-amavasya-5/
CATEGORIES:amavasya,Uposath Day
ATTACH;FMTTYPE=image/jpeg:https://books.buddharashmi.in/wp-content/uploads/2024/05/amavasya-e1715316810980.jpeg
END:VEVENT
BEGIN:VEVENT
DTSTART;VALUE=DATE:20240902
DTEND;VALUE=DATE:20240903
DTSTAMP:20260414T222415
CREATED:20240613T072137Z
LAST-MODIFIED:20240720T051131Z
UID:2342-1725235200-1725321599@books.buddharashmi.in
SUMMARY:अमावस्या (Uposath Day)
DESCRIPTION:भगवान बुद्ध के समय में उनके मार्ग पर चलने वाले अमावस्या के दिन अष्टांग उपोसथ शील धारण करते थे एवं अपने जीवन में अप्रमाण पुण्य जमा करते थे। यह उपोसथ शील अत्यंत उत्तम एवं निर्मल है। इसे पालन करने से मन में प्रसन्नता जागती है एवं शोक दूर होता है। अरहन्त मुनि लोगों का अनुसरण करते हुए यह उपोसथ शील पालन किया जाता है।
URL:https://books.buddharashmi.in/event/uposath-day-amavasya-4/
CATEGORIES:amavasya,Uposath Day
ATTACH;FMTTYPE=image/jpeg:https://books.buddharashmi.in/wp-content/uploads/2024/05/amavasya-e1715316810980.jpeg
END:VEVENT
BEGIN:VEVENT
DTSTART;VALUE=DATE:20240804
DTEND;VALUE=DATE:20240805
DTSTAMP:20260414T222415
CREATED:20240613T071918Z
LAST-MODIFIED:20240720T051139Z
UID:2334-1722729600-1722815999@books.buddharashmi.in
SUMMARY:अमावस्या (Uposath Day)
DESCRIPTION:भगवान बुद्ध के समय में उनके मार्ग पर चलने वाले अमावस्या के दिन अष्टांग उपोसथ शील धारण करते थे एवं अपने जीवन में अप्रमाण पुण्य जमा करते थे। यह उपोसथ शील अत्यंत उत्तम एवं निर्मल है। इसे पालन करने से मन में प्रसन्नता जागती है एवं शोक दूर होता है। अरहन्त मुनि लोगों का अनुसरण करते हुए यह उपोसथ शील पालन किया जाता है।
URL:https://books.buddharashmi.in/event/uposath-day-amavasya-3/
CATEGORIES:amavasya,Uposath Day
ATTACH;FMTTYPE=image/jpeg:https://books.buddharashmi.in/wp-content/uploads/2024/05/amavasya-e1715316810980.jpeg
END:VEVENT
BEGIN:VEVENT
DTSTART;VALUE=DATE:20240705
DTEND;VALUE=DATE:20240706
DTSTAMP:20260414T222415
CREATED:20240613T071712Z
LAST-MODIFIED:20240720T051054Z
UID:2327-1720137600-1720223999@books.buddharashmi.in
SUMMARY:अमावस्या (Uposath Day)
DESCRIPTION:भगवान बुद्ध के समय में उनके मार्ग पर चलने वाले अमावस्या के दिन अष्टांग उपोसथ शील धारण करते थे एवं अपने जीवन में अप्रमाण पुण्य जमा करते थे। यह उपोसथ शील अत्यंत उत्तम एवं निर्मल है। इसे पालन करने से मन में प्रसन्नता जागती है एवं शोक दूर होता है। अरहन्त मुनि लोगों का अनुसरण करते हुए यह उपोसथ शील पालन किया जाता है।
URL:https://books.buddharashmi.in/event/uposath-day-amavasya-2/
CATEGORIES:amavasya,Uposath Day
ATTACH;FMTTYPE=image/jpeg:https://books.buddharashmi.in/wp-content/uploads/2024/05/amavasya-e1715316810980.jpeg
END:VEVENT
BEGIN:VEVENT
DTSTART;VALUE=DATE:20240606
DTEND;VALUE=DATE:20240607
DTSTAMP:20260414T222415
CREATED:20240510T050205Z
LAST-MODIFIED:20240720T051045Z
UID:1732-1717632000-1717718399@books.buddharashmi.in
SUMMARY:अमावस्या (Uposath Day)
DESCRIPTION:भगवान बुद्ध के समय में उनके मार्ग पर चलने वाले अमावस्या के दिन अष्टांग उपोसथ शील धारण करते थे एवं अपने जीवन में अप्रमाण पुण्य जमा करते थे। यह उपोसथ शील अत्यंत उत्तम एवं निर्मल है। इसे पालन करने से मन में प्रसन्नता जागती है एवं शोक दूर होता है। अरहन्त मुनि लोगों का अनुसरण करते हुए यह उपोसथ शील पालन किया जाता है।
URL:https://books.buddharashmi.in/event/uposath-day-amavasya/
CATEGORIES:amavasya,Uposath Day
ATTACH;FMTTYPE=image/jpeg:https://books.buddharashmi.in/wp-content/uploads/2024/05/amavasya-e1715316810980.jpeg
END:VEVENT
BEGIN:VEVENT
DTSTART;VALUE=DATE:20240508
DTEND;VALUE=DATE:20240509
DTSTAMP:20260414T222415
CREATED:20240501T121126Z
LAST-MODIFIED:20240720T051036Z
UID:1518-1715126400-1715212799@books.buddharashmi.in
SUMMARY:अमावस्या (Uposath Day)
DESCRIPTION:भगवान बुद्ध के समय में उनके मार्ग पर चलने वाले अमावस्या के दिन अष्टांग उपोसथ शील धारण करते थे एवं अपने जीवन में अप्रमाण पुण्य जमा करते थे। यह उपोसथ शील अत्यंत उत्तम एवं निर्मल है। इसे पालन करने से मन में प्रसन्नता जागती है एवं शोक दूर होता है। अरहन्त मुनि लोगों का अनुसरण करते हुए यह उपोसथ शील पालन किया जाता है।
URL:https://books.buddharashmi.in/event/uposath-day/
CATEGORIES:amavasya,Uposath Day
ATTACH;FMTTYPE=image/jpeg:https://books.buddharashmi.in/wp-content/uploads/2024/05/amavasya-e1715316810980.jpeg
END:VEVENT
END:VCALENDAR